sarvangasana @ सर्वांगासन योग

Sarvang-asana या सर्वांगासन योग अर्थात सभी अंगो का आसन इस आसन को करने से पूरे शरीर के आसन हो जाते है आइए जानते है इसको कैसे करते हैं –

जमीन पर सीधे लेट कर हंथेलियों को जमीन पर रखें ध्यान रहे हाथ शरीर से मिले हों
अब हंथेलियों से जमीन पर दबाव देते हुए दोनों पैरों को ऊपर की और ले जायें ध्यान रहे पैरो को सिर की दिशा में इस प्रकार लायें की 45 डिग्री का कोण बन जाए ।

Sarvangasana
Sarvangasana-I


अब साँस निकालते हुए कोहनियों की साहयता से पृष्ठ भाग को सहारा दे । फिर हाँथों के सहारे अपने शरीर के पिछले भाग को धीरे-धीरे ऊपर उठाये ।

Sarvangasana-ii
Sarvangasana-II


और इस स्थिति में अपने पैर बिलकुल सीधे ऊपर की दिशा के ओर कर ले ।
रीढ की हड्डी सीधी रखें, अब गहरी साँस लेते हुए दोनों कोहनियों को मिलाने का प्रयास करें।

Sarvangasana
Sarvangasana-III

अब 2 से 4 मिनट तक इसी अवस्था में रहें ,फिर धीरे-धीरे वापस शवासन में आ जायें

सर्वांगासन योग के लाभ

1 यह नेत्रो को स्वस्थ रखता है।
2   इस आसन  को करने से सर दर्द ठीक हो जाता है ।
3   इससे फेफड़े हस्ट-पुष्ट होते हैं और रक्त तेजी से शुद्ध होता है ।
4 सर्वांगासन करने से रीढ़ की हड्डी का दर्द खत्म हो जाता है ,तथा रीढ़ की हड्डी लचीली हो जाती है।
5   सर्वांगासन करने से गर्दन की माँसपेशियों को आराम मिलता है।

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